‘Sindoor 2.0’ के लिए तैयारी जारी? सेना प्रमुख ने दी स्पष्ट चेतावनी
भारत की सुरक्षा नीति को लेकर बड़ा और सख्त संदेश सामने आया है। भारतीय सेना ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ के लिए पूरी तरह तैयार है। सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने पाकिस्तान को कड़ी चेतावनी देते हुए साफ कहा है कि अगर राज्य प्रायोजित आतंकवाद बंद नहीं हुआ, तो इस बार जवाब और ज्यादा निर्णायक होगा।
गौरतलब है कि मई 2025 में पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने ऑपरेशन सिंदूर 1.0 को सफलतापूर्वक अंजाम दिया था। अब एक बार फिर दुश्मन की गतिविधियों पर सेना की पैनी नजर बनी हुई है।
सेना की मुस्तैद तैयारी: ‘मौका मिला तो नतीजा तय होगा’
राजस्थान के अनूपगढ़ में जवानों को संबोधित करते हुए जनरल द्विवेदी ने कहा,
“अगर हमें मौका मिला, तो ऑपरेशन सिंदूर 2.0 में सकारात्मक और निर्णायक परिणाम सुनिश्चित किए जाएंगे।”
उन्होंने पाकिस्तान को दो टूक शब्दों में चेताया कि “अगर भूगोल में टिके रहना है, तो आतंकवाद का साथ छोड़ना होगा।” सेना प्रमुख के इस बयान से साफ है कि अब संयम की सीमा तय हो चुकी है।
ऑपरेशन सिंदूर से मिले रणनीतिक सबक
ऑपरेशन सिंदूर 1.0 ने भारत की सैन्य ताकत को दुनिया के सामने रखा। इस ऑपरेशन में:
- थल, जल और वायु—तीनों सेनाओं का जबरदस्त समन्वय
- स्वदेशी हथियार प्रणालियों की प्रभावशीलता
स्पष्ट रूप से देखने को मिली। हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नैरेटिव मैनेजमेंट में भारत को और मजबूत होने की जरूरत है।
रणनीति पर एक्सपर्ट्स की राय
सेना के वरिष्ठ अधिकारी लेफ्टिनेंट जनरल दुष्यंत सिंह ने सुझाव दिया कि:
- भारत को राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति को और स्पष्ट करना चाहिए
- रक्षा बजट को GDP के 3% तक बढ़ाया जाए
- थिएटर कमांड सिस्टम को तेजी से लागू किया जाए
इन कदमों से भविष्य में किसी भी चुनौती का जवाब और प्रभावी तरीके से दिया जा सकेगा।
क्या है संकेत?
सेना प्रमुख का यह बयान साफ संकेत देता है कि भारत अब रक्षात्मक नहीं, निर्णायक रणनीति के साथ आगे बढ़ रहा है। ऑपरेशन सिंदूर 2.0 सिर्फ एक नाम नहीं, बल्कि एक संदेश है—आतंक का जवाब अब सख्त होगा।
